योगा- करने से ही होगा- social sandesh
नमस्कार दोस्तों
बात है 2008-2009 के आस पास की। मै तब जॉब करती थी तो समय मिलते ही योग जरूर करती थी इसका मुझे फायदा भी मिलता, मेरा मन, शरीर और ध्यान तीनो चुस्त दुरुस्त और खुश रहते। शादी के बाद समय और मन दोनो ही तनाव ग्रस्त रहे तो ज्यादा ध्यान उस तरफ गया ही नही हा दोनो गर्भावस्था के दौरान मे अपने कमरे मे योग कर ही लेती थी, फिर धीरे-धीरे मैं खुद से ही अलग हो गई और आलस ने घेर लिया।अब पिछ्ले एक साल से लगातार योग शुरु किया तो वाकई फर्क देखने को मिला एक बार फिर पहले जैसी स्फूर्ति आ गई और ज्यादातर काम घर के हो या बाहर के ज्यादा एनर्जी के साथ।
योग या योगा होता क्या है?
दोस्तों योग संस्कृत शब्द 'यज धातु' से निकला है जिसका मतलब होता है 'अपने मन से मिलन'। अर्थात योग मे इतनी शक्ति होती है कि ये आपको अमरत्व की प्राप्ति करवा सकता है।उदाहरण के तौर पर हमारे ऋषि मुनि इतने लम्बे लम्बे समय तक जीवित कैसे रह लेते थे,योग और ध्यान के माध्यम से ही (ध्यान के बारे मे अलग ब्लॉग लिखूंगी)। योग की शुरुआत भारत मे हुई मानते हैं।योग का जनक महर्षि 'पतंजलि' को माना जाता है।योग अपने आप में सम्पूर्ण विज्ञान है जो शरीर मन और ब्रह्मांड को एकत्रित करता है आसन व श्वास के माध्यम से।योग की विभिन्न शैलियां, शारीरिक मुद्राएँ, श्वास लेने की तकनीक और ध्यान या विश्राम को जोडती हैं।आपको बता दूँ कि अगर योग की अलग अलग मुद्राओं को सही प्रकार न किया जाये तो ये घातक भी सिद्ध हो सकती हैं।
योग से कई अलग अलग बिमारियों जैसे- अस्थमा,गठिया, पाचन विकार, उच्च रक्तचाप,नींद न आने की समस्या, मानसिक तनाव, महिलाओं मे हार्मोनल बदलाव के कारण होने वाली समस्या, शारीरिक दर्द व चोटों आदि को कम करने में मदद मिलती है। शरीर में लचीलापन लाता है, साथ ही आलस्य दूर होता है ।
' 21जून 2015 से अंतराष्ट्रीय योग दिवस' भी मनाया जाता है, जिसकी शुरूआत भी भारत में ही हुई।मेरी समझ से योग एक कर्म भी है और नियम भी। हमें योग करना भी चाहिये और जीना भी चाहिए।
योग करने के कुछ आसान से नियम भी होते हैं जिन्हे अगर पूरी तरह माना जाये तो योग के फायदे 2गुना हो जाते हैं।
1) किसी योग गुरु के निर्देशन मे ही योग की शुरुआत करे, खासकर अगर आप नये हैं।
2) योगा सूर्योदय व सूर्यास्त के आस पास ही किया जाता है ।
3) योग खाली पेट ही किया जाता है अर्थात योग करने से 2घन्टे पहले व आधा घंटे बाद तक कुछ नही खाया जाता।
4) किसी शांत वातावरण व खुली जगह मे हि योग करे व अच्छे विचारो ही मन में लाएं।
5) धीरज बनाएं रखें, लाभ महसूस होने में वक़्त लगता है।
6) यदि कोई मैडिकल समस्या है,कोई सर्जरी हुई है तो आप अपने डॉक्टर की सलाह से ही योग करे।
7) योग शुरु करने से पहले प्राणायम, शवासन, कब किये जाते हैं इसकी जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें।
8) शुरुआत मे जल्दबाजी न करे धीरे-धीरे व आराम से ही आसन करे।
9) गर्भावस्था के दौरान आपके डॉक्टर द्वारा बताये गये योगाभ्यास ही करे ।
10) योगा करते समय सांस लेने व छोड़ने की प्रक्रिया बहुत महत्वपूर्ण होती है अतः इसका नियमतः पालन करें।
आप सबसे ये उम्मीद करते हुए कि जिन लोगों ने अभी तक योग की शुरुआत नही की है वे खुद को आज के तनाव भरे माहौल में खुश और स्वस्थ रखने के लिये योगा करना जरूर शुरु कर देंगे।
योगा कितने प्रकार के होते हैं? कौन कौन से होते हैं? योगसन करने का तरीका यदि आप जानना चाहते हैं तो प्लीज मुझे जरुर बताये कमेंट करके मे अगला ब्लॉग पिक्चर सहितउसी पर लिख दूँगी।
मेरा योग मेरे योगसन और आपके?







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